बहुभाषीय फिल्म फेस्टिवल 'अमोदिनी इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल 2024' का हुआ शानदार आगाज



बहुभाषी फिल्म फेस्टिवल 'अमोदिनी इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल 2024' का शानदार आयोजन हुआ

राजधानी जयपुर में स्थित झालाना में राजस्थान इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर में डोला फाउंडेशन सोशल मेमोरियल ट्रस्ट्स द्वारा आयोजित दो दिव्य बहुभाषी 'इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अमोडिनी इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल 2024' का शानदार तरीके से शुभारंभ किया गया। 

इस महोत्सव की शुरुआत से पहले दिन दीप प्रज्वलित हुआ। इसके बाद 'हिंदुत्व', 'दीप फ़िरोज़', 'आजमगढ़', 'अदृश्य', 'मातृपक्ष' सहित अन्य फ़िल्में प्रदर्शित हुईं। इसके साथ ही पहले दिन तीन सैद्धांतिक डिस्कशन का भी आयोजन किया गया। 

पहला पैनल डिस्कशन अंजू भट्ट द्वारा इंडियन फिल्म इंडस्ट्री पर रिलीज इंपैक्ट, दूसरा थिएटर - 'डिस्ट्रिक्स ऑफ फिल्म एंड मीडिया' अभिषेक मुद्गल द्वारा और तीसरा 'इसरो - दी गर्ल ड्रीम्ड टू बी एन एस्ट्रोनॉट' जैसे विषयों पर डिस्कशन कर विस्तृत चर्चा की गई। ।। 10 और 11 फरवरी को यह दो दिव्य फिल्म महोत्सव हिंदी, बंगाली, नेपाली, मलयालम, जर्मन सहित अन्य भाषाओं में आयोजित किया जाएगा। 15 फिल्मों की परंपराएं थिएटर, फिल्म, मीडिया सहित अन्य विषयों पर भी बॉलीवुड में होंगी। के डॉक्युमेंटेड निर्देशित अशोक पंडित असंगठित। 

इस फिल्म बहुभाषी फिल्म फेस्टिवल के प्रतिभागी देवज्योति रे ने बताया कि इस फिल्म फेस्टिवल का उद्देश्य एकता का जश्न मनाना है। 

एक ऐसी ही विविधता जो भारत को परिभाषित करती है, देश की जीवंत संस्कृति और उसका प्रदर्शन करती है। विविधता में एकता का उत्सव मनाकर लोगों को एकजुट करना और हमारे समग्र कल्याण को प्राप्त करना यही इस उत्सव का केंद्र बिंदु है। राक्षस -काली दास पांडे

टिप्पणियाँ